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शवाल उल मुकर्रम, 1447 हिजरी
﷽
फरमाने रसूल ﷺ
"तुम अपने लिए भलाई के अलावा कोई और दुआ ना करो क्योंकि जो तुम कहते हो उस पर फरिश्ते आमीन कहते है।"
- मुस्लिम
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जमाअत-ए-इस्लामी हिन्द, भिलाई की तकरीब
जमाअत-ए-इस्लामी हिन्द, भिलाई की जानिब से गुजिश्ता रोज़ ईद मिलन तकरीब मुनाकिद की गई7 4 अप्रैल, बरोजे हफता जुनवानी रोड पर वाके गैलेक्सी बैंक्वेट हॉल में मुनाकिद तकरीब का मकसद मुख्तलिफ कौम के बीच भाईचारा, बातचीत और समाजी हम आहंगी को बढ़ावा देना था। तकरीब में गायत्री परिवार, कैथोलिक चर्च सेक्टर-6, गुरुद्वारा नेहरू नगर, बौद्ध आश्रम सेक्टर-6, सतनाम भवन सेक्टर-6 समेत मुख्तलिफ सोशल तंजीमों के नुमाईंदों ने शिरकत की।
तकरीब से खिताब करते हुए मुख्तलिफ तंजीमों के मुकर्ररीन ने समाज के बीच बढ़ती दूरियों और गलतफहमियों को खत्म करने के लिए बातचीत और आपसी मेल-जोल की जरूरत पर जोर दिया। उन्होंने कहा, ईद और इस जैसे दीगर मौके हमें प्यार, रहमदिली और यकजहती का पैगाम देते हैं जिसे समाज में वसीअ तौर पर अपनाने की जरूरत है।
तकरीब को गुरुद्वारा नानकसर के मुख्य ग्रंथी ज्ञानी प्रवीण सिंह, भारतीय बौद्ध महासभा के सदर शील रतन, पेरिश प्रीस्ट कैथोलिक चर्च सेक्टर-6 के रेव्हेरेंट फादर साबू जोसेफ, सतनाम भवन सेक्टर-6 के प्रेसिडेंट बीएल कुर्रे और गायत्री परिवार के सब जोन को-ऑर्डिनेटर एसपी सिंह ने खिताब किया।
जमाअत-ए-इस्लामी हिन्द ने इस मौके पर अपने अज्म को दोहराते हुए कहा, जमाअत का मकसद समाज में पनप रही नफरत और भेदभाव को खत्म करने व मुख्तलिफ शोबों के बीच समाजी हम आहंगी और यकजहती को बढ़ाना है जिसके लिए जमाअत मुतवातिर कोशा रहेगी। तकरीब के इख्तेताम पर सभी ने एकजुट समाज की ताअमीर का एआदा किया।
तकरीब की सदारत नौशाद उस्मान (इस्लामिक इंफॉर्मेशन सेंटर, महाराष्ट्र) ने की। इस्तकबालिया स्पीच शब्बीर खान, साबिक सदर जमाते इस्लामी हिंद, छत्तीसगढ़ ने दिया। आखिर में जेआईएच भिलाई के सदर एजाज अहमद ने इजहारे तशक्कुर किया।
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